सेवा संकल्प अभियान : खुशियों की दास्तां
लखपति दीदी माया यादव ने वाटर फिल्टर प्लांट से गढ़ी स्वावलंबन की प्रेरक गाथा
आजीविका मिशन से मिली आर्थिक मजबूती, सालाना 1.50 लाख रुपये की आय अर्जित कर बनीं आत्मनिर्भर
नर्मदापुरम/13,अक्टूबर,2026/ म
माया यादव 'ओम आजीविका समूह' की सक्रिय सदस्य हैं। मध्य प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत उन्हें 3 लाख 50 हजार रुपये की ऋण सहायता प्राप्त हुई। इस आर्थिक सहयोग का सदुपयोग करते हुए उन्होंने स्वयं का वाटर फिल्टर प्लांट स्थापित किया। उनके इस प्रयास ने स्वरोजगार की नई राह खोली और उन्हें नियमित आय अर्जित करने का अवसर प्रदान किया।
वाटर फिल्टर प्लांट के सफल संचालन से माया यादव आज प्रतिवर्ष लगभग 1 लाख 50 हजार रुपये की आय अर्जित कर रही हैं। अपने उद्यम के माध्यम से वे आर्थिक रूप से सशक्त हुई हैं और परिवार की आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाने में योगदान दे रही हैं। उनकी यह उपलब्धि दर्शाती है कि उचित मार्गदर्शन, आर्थिक सहायता और दृढ़ संकल्प के साथ ग्रामीण महिलाएं भी सफल उद्यमी बनकर आत्मनिर्भरता की मिसाल कायम कर सकती हैं।
माया यादव की सफलता केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं है, बल्कि ग्रामीण क्षेत्र की अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणास्रोत है। उनका सफर यह संदेश देता है कि आजीविका मिशन के माध्यम से उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाकर महिलाएं स्वरोजगार स्थापित कर सकती हैं और अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत बना सकती हैं। उनका वाटर फिल्टर प्लांट महिला सशक्तिकरण, स्वावलंबन और उद्यमशीलता का एक प्रेरक उदाहरण है।
माया यादव ने अपनी इस सफलता और आर्थिक आत्मनिर्भरता के लिए शासन की जनकल्याणकारी पहल के प्रति आभार व्यक्त किया है। उन्होंने माननीय प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री जी को धन्यवाद देते हुए कहा कि आजीविका मिशन के माध्यम से प्राप्त सहयोग ने उन्हें स्वयं का उद्यम स्थापित करने और आत्मनिर्भर बनने का अवसर प्रदान किया है।
मध्य प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में निरंतर प्रयासरत है। माया यादव की सफलता इस बात का उदाहरण है कि महिलाओं को अवसर और सहयोग मिलने पर वे न केवल अपनी पहचान स्थापित कर सकती हैं, बल्कि समाज में आत्मनिर्भरता एवं महिला सशक्तिकरण की नई मिसाल भी पेश कर सकती हैं।
